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मंगलवार, मार्च 10, 2026
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जबलपुर में भाजपा का प्रशिक्षण शिविर, मोहन यादव बोले संगठन ही ताकत

जबलपुर में भाजपा का बड़ा प्रशिक्षण कार्यक्रम हुआ। इसमें जबलपुर, रीवा, शहडोल और सागर संभाग के कार्यकर्ता पहुंचे। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कार्यक्रम में कहा कि भाजपा की असली ताकत संगठन और कार्यकर्ता हैं। प्रशिक्षण से कार्यकर्ताओं को पार्टी की सोच और काम का तरीका समझ आता है।

प्वाइंट में समझें क्या है पूरा मामला

• जबलपुर में भाजपा का बड़ा प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित हुआ।

• चार संभागों के सैकड़ों कार्यकर्ता इसमें शामिल हुए।

• मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव कार्यक्रम में पहुंचे।

• उन्होंने संगठन की ताकत और कार्यकर्ताओं की भूमिका बताई।

• प्रशिक्षण का लक्ष्य कार्यकर्ताओं को मजबूत बनाना है।

जबलपुर में जुटे चार संभागों के भाजपा कार्यकर्ता

जबलपुर में भाजपा का प्रशिक्षण वर्ग आयोजित हुआ।इस कार्यक्रम ने कार्यकर्ताओं में नया उत्साह भरा।कार्यक्रम का नाम पंडित दीनदयाल उपाध्याय प्रशिक्षण महाअभियान 2026 था।जबलपुर, रीवा, शहडोल और सागर संभाग के कार्यकर्ता पहुंचे।दूर दूर से कार्यकर्ता कार्यक्रम में शामिल हुए।हॉल में जोश और उत्साह साफ दिखाई दिया।कार्यकर्ताओं ने नेताओं की बातें ध्यान से सुनीं।

मुख्यमंत्री मोहन यादव ने दिया संगठन मजबूत करने का संदेश

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव कार्यक्रम में मुख्य अतिथि रहे।उन्होंने मंच से कार्यकर्ताओं को संबोधित किया।मुख्यमंत्री ने कहा कि भाजपा दुनिया की सबसे बड़ी पार्टी है।उन्होंने कहा कि इस सफलता का कारण संगठन है।साथ ही कार्यकर्ताओं की मेहनत भी सबसे बड़ी ताकत है।उन्होंने कहा कि कार्यकर्ता पार्टी की असली पहचान हैं।

प्रशिक्षण से कार्यकर्ता सीखते हैं संगठन का तरीका

मुख्यमंत्री ने प्रशिक्षण के महत्व पर बात की।उन्होंने कहा कि कार्यकर्ता को हमेशा सीखते रहना चाहिए।प्रशिक्षण से पार्टी की विचारधारा समझ आती है।कार्यकर्ताओं को संगठन का तरीका भी समझ आता है।ऐसे कार्यक्रम टीम को मजबूत बनाते हैं।साथ ही कार्यकर्ताओं में आत्मविश्वास बढ़ाते हैं।

सरकार में रहते हुए भी कार्यकर्ता जैसा भाव जरूरी

मुख्यमंत्री ने अपनी सोच भी साझा की।उन्होंने कहा कि हम सरकार में जरूर हैं।लेकिन दिल से हम कार्यकर्ता ही हैं।उन्होंने कहा कि यही भावना हमें काम करने की ताकत देती है।सांसद, विधायक और मंत्री लगातार काम कर रहे हैं।वे संगठन और सरकार दोनों की जिम्मेदारी निभाते हैं।

प्रदेश अध्यक्ष के काम की मुख्यमंत्री ने की सराहना

कार्यक्रम में संगठन के काम की भी चर्चा हुई।मुख्यमंत्री ने प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल की सराहना की।उन्होंने कहा कि संगठन लगातार सक्रिय है।कई अभियान चलाए जा रहे हैं।इनसे कार्यकर्ताओं में नई ऊर्जा आई है।संगठन का विस्तार भी तेजी से हो रहा है।

संस्कारधानी जबलपुर की भी मुख्यमंत्री ने की तारीफ

मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में जबलपुर का जिक्र किया।उन्होंने कहा कि यह शहर मां नर्मदा के किनारे बसा है।यह शहर अपनी संस्कृति के लिए जाना जाता है।उन्होंने कार्यकर्ताओं के उत्साह की भी तारीफ की।मुख्यमंत्री ने कहा कि यहां का जोश प्रेरित करता है।

कार्यक्रम में कई वरिष्ठ नेता रहे मौजूद

कार्यक्रम में कई बड़े नेता मौजूद रहे।प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल भी मंच पर मौजूद रहे।राष्ट्रीय सह संगठन मंत्री कार्यक्रम में पहुंचे।क्षेत्रीय संगठन मंत्री भी मौजूद रहे।साथ ही बड़ी संख्या में कार्यकर्ता कार्यक्रम में शामिल हुए।पूरा कार्यक्रम संगठन को मजबूत करने पर केंद्रित रहा।

जबलपुर में टैक्स बकायादारों पर सख्ती, कई घरों पर कुर्की की कार्रवाई

जबलपुर नगर निगम ने टैक्स बकायादारों के खिलाफ सख्त अभियान शुरू किया है। कई वार्डों में नोटिस चस्पा किए गए। कुछ जगह कुर्की की कार्रवाई भी हुई। तीन दिन में टैक्स जमा न करने वालों पर और सख्ती होगी। निगम ने लोगों से समय पर टैक्स भरने की अपील की है।

प्वाइंट में समझें क्या है पूरा मामला

• जबलपुर नगर निगम ने टैक्स वसूली अभियान तेज किया।

• कई वार्डों में बड़े बकायादारों को अंतिम नोटिस मिला।

• नोटिस में तीन दिन के भीतर भुगतान करने को कहा गया।

• समय खत्म होने पर कुर्की की कार्रवाई की चेतावनी दी गई।

• कुछ वार्डों में निगम टीम ने संपत्ति कुर्क भी की।

जबलपुर में क्यों तेज हुई टैक्स वसूली की कार्रवाई

जबलपुर में नगर निगम ने बकाया टैक्स वसूलने की मुहिम तेज की।यह अभियान शहर के कई वार्डों में चलाया जा रहा है। निगमायुक्त राम प्रकाश अहिरवार ने सख्त निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि लंबे समय से टैक्स बकाया है। इसी कारण अब सख्त कदम उठाए जा रहे हैं। निगम की टीमें अलग अलग संभागों में पहुंच रही हैं।टीम सीधे बकायादारों के घर पहुंच रही है। वहां अंतिम चेतावनी नोटिस लगाए जा रहे हैं। नोटिस में साफ लिखा है कि तीन दिन में टैक्स भरें।अन्यथा संपत्ति कुर्क की जाएगी।

इन वार्डों में बड़े बकायादारों को मिला नोटिस

संभाग क्रमांक 10 में रविवार को कार्रवाई हुई।यह कार्रवाई शहीद भगत सिंह वार्ड में हुई। महर्षि सुदर्शन वार्ड में भी टीम पहुंची।निगम कर्मचारियों ने कई घरों में नोटिस लगाए। लक्ष्मण यादव पर कुल 53,590 और 39,432 रुपये बकाया है। चेतराम बंजारा पर 46,636 रुपये टैक्स बाकी है। प्रेमवती झारिया पर 39,923 रुपये बकाया बताया गया। किशनलाल रजक पर 62,254 रुपये टैक्स बाकी है। सूरज प्रसाद विनोदिया पर 49,104 रुपये बकाया है। बद्री प्रसाद साहू पर 34,949 रुपये बाकी बताए गए। कल्पना पांडेय पर 32,961 रुपये टैक्स बकाया है। संभागीय अधिकारी नरेश शर्मा ने जानकारी दी। उन्होंने कहा कि सभी को तीन दिन का समय दिया गया। यदि भुगतान नहीं हुआ तो कुर्की की कार्रवाई होगी।

राजीव गांधी वार्ड में हुई कुर्की की कार्रवाई

संभाग क्रमांक 06 में भी कार्रवाई की गई। यह कार्रवाई राजीव गांधी वार्ड में हुई। यहां कई बकायादार लंबे समय से टैक्स नहीं भर रहे थे। निगम टीम ने मौके पर पहुंचकर कुर्की की कार्रवाई की।पुरुषोत्तम लाल साहू पर 39,359 रुपये बकाया था। देशराज सिंह भदोरिया पर 39,524 रुपये बाकी थे। भीमलाल गुप्ता पर 33,252 रुपये टैक्स बकाया था। निगम ने इन मामलों में कुर्की की कार्रवाई की। कार्रवाई के दौरान कई अधिकारी मौजूद रहे। राजस्व निरीक्षक और निगम कर्मचारी भी साथ रहे।

विजय नगर में डेढ़ लाख से ज्यादा बकाया पर कुर्की

संभाग क्रमांक 14 के विजय नगर क्षेत्र में भी कार्रवाई हुई।यह कार्रवाई मोतीलाल वार्ड में की गई।यहां साबरा बी पर बड़ा टैक्स बकाया दर्ज था।उन पर 1,59,594 रुपये का बकाया था।निगम टीम ने मौके पर पहुंचकर कुर्की की कार्रवाई की।संपत्ति पर कानूनी प्रक्रिया शुरू की गई।कार्रवाई के दौरान कई अधिकारी मौजूद रहे।राजस्व अधिकारी आनंद मिश्रा टीम के साथ पहुंचे।संभागीय अधिकारी सुदीप पटेल भी मौके पर मौजूद थे।

नगर निगम की अपील, समय पर टैक्स भरें

निगमायुक्त राम प्रकाश अहिरवार ने नागरिकों से अपील की।उन्होंने कहा कि टैक्स समय पर जमा करें।टैक्स से शहर की कई सेवाएं चलती हैं।सड़क, सफाई और लाइट व्यवस्था इसी से बेहतर होती है।उन्होंने कहा कि कुर्की से बचना आसान है।समय पर टैक्स जमा करना ही इसका तरीका है।

जबलपुर में ब्रज की होली कार्यक्रम, महिला दिवस पर सेवा और सम्मान

जबलपुर में शक्ति क्लब ने महिला दिवस और रंगपंचमी पर खास कार्यक्रम किया। ब्रज की होली थीम पर महिलाओं ने राधा-कृष्ण वेश में नृत्य किया। गौशाला को आर्थिक मदद दी गई। एक बच्ची की पढ़ाई के लिए यूनिफॉर्म और किताबें दी गईं। भूमिका मित्तल और रश्मि उदासी को शक्ति गौरव अवॉर्ड मिला।

प्वाइंट में समझें कैसे हुई ब्रिज की होली

जबलपुर में शक्ति क्लब ने महिला दिवस पर खास कार्यक्रम किया।
कार्यक्रम की थीम ब्रज की होली रखी गई।
महिलाओं ने राधा-कृष्ण वेश में नृत्य प्रस्तुत किए।
गौशाला को आर्थिक सहयोग दिया गया।
दो महिलाओं को शक्ति गौरव अवॉर्ड से सम्मानित किया गया।1

जबलपुर में ब्रज की होली थीम पर सजा महिला दिवस कार्यक्रम

जबलपुर में महिला दिवस खास अंदाज में मनाया गया।।शक्ति क्लब ने रंगारंग कार्यक्रम का आयोजन किया। कार्यक्रम की थीम ब्रज की होली रखी गई थी। इसमें रंग, संगीत और नृत्य का सुंदर संगम दिखा। कार्यक्रम में क्लब की सदस्य खास वेश में आईं। कई महिलाएं राधा और कृष्ण के रूप में दिखीं। मंच पर ब्रज की होली की झलक दिखाई दी। इससे माहौल उत्सव जैसा बन गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में महिलाएं शामिल हुईं। सभी ने मिलकर महिला दिवस का संदेश दिया। साथ ही समाज सेवा की पहल भी की गई।

राधा कृष्ण वेश में महिलाओं का नृत्य बना आकर्षण

कार्यक्रम में सांस्कृतिक प्रस्तुतियां हुईं।महिलाओं ने पारंपरिक नृत्य प्रस्तुत किए।राधा कृष्ण की वेशभूषा ने सबका ध्यान खींचा।नृत्य के दौरान ब्रज संस्कृति की झलक दिखी।रंगपंचमी के रंगों का भी सुंदर प्रयोग हुआ।दर्शकों ने तालियों से कलाकारों का उत्साह बढ़ाया।यह प्रस्तुति कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण बनी।कई लोगों ने इसे यादगार पल बताया।

महिला सशक्तिकरण पर खुलकर रखे गए विचार

कार्यक्रम में महिलाओं ने अपने विचार भी रखे। अध्यक्ष नीलम सिंह सहित शारदा चौधरी, संगीता त्रिपाठी, दीप्ति कुकरेजा, पूनम तिवारी, खुशबू शर्मा, पल्लवी शुक्ला साहित कई वक्ताओं ने महिला सशक्तिकरण पर बात की। उन्होंने समाज में महिलाओं की भूमिका बताई। वक्ताओं ने शिक्षा और आत्मनिर्भरता पर जोर दिया। महिलाओं को आगे बढ़ने का संदेश दिया गया। इससे कार्यक्रम को सामाजिक संदेश भी मिला।

गौशाला को सहयोग और बच्ची की पढ़ाई की जिम्मेदारी

कार्यक्रम केवल मनोरंजन तक सीमित नहीं रहा।क्लब ने समाज सेवा का उदाहरण भी दिया।शक्ति क्लब ने गौशाला को आर्थिक मदद दी।यह सहयोग पशु सेवा के लिए दिया गया।साथ ही एक बच्ची की पढ़ाई का जिम्मा लिया गया।उसे स्कूल यूनिफॉर्म और कॉपी किताबें दी गईं।क्लब ने एक साल की पढ़ाई में मदद का भरोसा दिया।इस पहल को लोगों ने खूब सराहा।

भूमिका मित्तल और रश्मि उदासी को शक्ति गौरव अवॉर्ड

कार्यक्रम में सम्मान समारोह भी हुआ।दो महिलाओं को शक्ति गौरव अवॉर्ड दिया गया।भूमिका मित्तल और रश्मि उदासी को सम्मान मिला।यह सम्मान उनके काम और योगदान के लिए दिया गया।मुख्य अतिथि श्रीमती माला राकेश सिंह मौजूद रहीं।उनकी उपस्थिति में पुरस्कार वितरित किए गए।

आयोजन को सफल बनाने में क्लब की टीम सक्रिय

कार्यक्रम के आयोजन में क्लब की टीम सक्रिय रही।अध्यक्ष श्रीमती नीलम सिंह ने नेतृत्व किया।क्लब की सभी सदस्याओं ने सहयोग दिया।उनकी मेहनत से कार्यक्रम सफल रहा।महिला दिवस का संदेश भी लोगों तक पहुंचा।इस कार्यक्रम ने उत्सव और सेवा दोनों को जोड़ा।यही इसकी सबसे बड़ी खासियत रही।

जबलपुर में बनी संस्कार गली, कचरे वाली लेन अब खेल और कला का केंद्र

जबलपुर के राइट टाउन में हवा महल के सामने की बैक लेन अब “संस्कार गली” बन गई है। जो जगह पहले कचरे से भरी रहती थी, वहां अब दीवारों पर कला है और लोग कैरम खेलते दिखेंगे। नगर निगम के स्वच्छता अभियान ने इस गली को साफ, सुंदर और लोगों के लिए आकर्षक बना दिया है।

जबलपुर की संस्कार गली बनी नई पहचान। कचरे वाली बैक लेन अब कला, खेल और स्वच्छता का केंद्र बनी। नगर निगम के अभियान से बदली पूरी तस्वीर।

5 प्वाइंट में समझें क्या है पूरा मामला

• जबलपुर के राइट टाउन की एक बैक लेन पहले कचरे से भरी रहती थी।

• नगर निगम ने इसे साफ कर “संस्कार गली” नाम दिया

• दीवारों पर शहर की कला और इतिहास को चित्रों में दिखाया गया।

• गली में कैरम जैसे पारंपरिक खेल खेलने की जगह बनाई गई।

• महिला दिवस पर महिलाओं ने भी इस अभियान में भाग लिया।

क्या है जबलपुर की नई संस्कार गली

जबलपुर शहर में एक छोटी गली अब बड़ी पहचान बन रही है।राइट टाउन में हवा महल के सामने की बैक लेन बदली गई है।यह गली पहले कचरे और गंदगी से भरी रहती थी।लोग यहां से गुजरने से भी बचते थे।अब यही गली शहर की नई “संस्कार गली” बन गई है।यह बदलाव नगर निगम के स्वच्छता अभियान से आया है।अब यहां साफ सड़क और रंगीन दीवारें दिखती हैं।लोग यहां रुककर तस्वीरें भी ले रहे हैं।

कचरे की जगह अब कला और खेल

इस गली की पहचान अब पूरी तरह बदल गई है।दीवारों पर शहर की संस्कृति से जुड़े चित्र बनाए गए हैं।इन चित्रों में जबलपुर की पहचान दिखती है।रंगीन पेंटिंग गली को आकर्षक बना रही हैं।यहां अब लोग सुबह और शाम वॉक करते दिखेंगे।बच्चे और युवा यहां कैरम खेल सकेंगे।नगर निगम ने इसे छोटे खेल और आराम की जगह बनाया है।इससे लोगों को खुला और सुरक्षित स्थान मिलेगा।

जब शहर के नेताओं ने खुद उठाया ब्रश

इस काम की खास बात नेताओं की भागीदारी रही।शहर के महापौर ने खुद पेंट ब्रश उठाया।महापौर जगत बहादुर सिंह अन्नू ने दीवारों पर रंग किया।स्वास्थ्य प्रभारी रजनी कैलाश साहू भी साथ दिखीं।निगमायुक्त राम प्रकाश अहिरवार ने भी टीम के साथ काम किया।उनकी मौजूदगी से कर्मचारियों का उत्साह बढ़ा।इस कदम ने लोगों को साफ संदेश दिया।शहर को सुंदर बनाना सबकी जिम्मेदारी है।

महिला दिवस पर महिलाओं की खास भागीदारी

इस अभियान का दिन भी खास रहा।यह काम अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के दिन हुआ।इस मौके पर कई महिलाओं ने हिस्सा लिया।उन्होंने सफाई और सजावट में सहयोग दिया।महिलाओं ने दीवारों पर रंग भरने में भी मदद की।इससे अभियान को नई ऊर्जा मिली।महापौर और अधिकारियों ने महिलाओं को शुभकामनाएं दीं।उन्होंने सभी को महिला दिवस की बधाई भी दी।

क्यों खास है यह पहल

संस्कार गली सिर्फ एक साफ गली नहीं है।यह शहर की सोच में बदलाव का उदाहरण है।जहां कचरा था वहां अब संस्कृति दिखती है।जहां बदबू थी वहां अब लोग समय बिताते हैं।इस तरह के छोटे बदलाव शहर की छवि बदलते हैं।लोगों में स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ती है।नगर निगम की यह पहल शहर के लिए प्रेरणा बन सकती है।अगर लोग साथ दें तो हर गली बदल सकती है।

गैस सिलेंडर महंगा हुआ तो जबलपुर में फूटा गुस्सा, सड़क पर युवा कांग्रेस

जबलपुर में गैस सिलेंडर की कीमत बढ़ने पर युवा कांग्रेस ने मालवीय चौक पर विरोध किया। कार्यकर्ताओं ने सरकार के खिलाफ नारे लगाए और कीमतें वापस लेने की मांग की। नेताओं ने कहा महंगाई से गरीब और मध्यम वर्ग की रसोई प्रभावित हो रही है। चेतावनी दी गई कि फैसला वापस नहीं हुआ तो बड़ा आंदोलन होगा।

जबलपुर में गैस सिलेंडर महंगा होने पर युवा कांग्रेस का प्रदर्शन, मालवीय चौक पर नारेबाजी और कीमतें वापस लेने की मांग

5 प्वाइंट में समझें क्या है पूरा मामला

• गैस सिलेंडर की कीमत बढ़ने पर जबलपुर में विरोध हुआ।

• युवा कांग्रेस और कांग्रेस कार्यकर्ता मालवीय चौक पर जुटे।

• प्रदर्शन के दौरान सरकार के खिलाफ नारे लगाए गए।

• नेताओं ने कहा महंगाई से रसोई का खर्च बढ़ रहा है।

• कीमतें वापस नहीं हुईं तो बड़े आंदोलन की चेतावनी दी गई।

गैस सिलेंडर महंगा होते ही जबलपुर में सड़कों पर उतरे कार्यकर्ता

जबलपुर में गैस सिलेंडर की कीमत बढ़ने पर विरोध शुरू हुआ।युवा कांग्रेस और कांग्रेस के कई कार्यकर्ता सड़कों पर उतरे।शहर के मालवीय चौक पर बड़ी संख्या में लोग जुटे।यहां कार्यकर्ताओं ने सरकार के खिलाफ जोरदार नारे लगाए।प्रदर्शन के दौरान गैस की बढ़ी कीमतें वापस लेने की मांग उठी।नेताओं ने कहा यह फैसला आम लोगों पर सीधा असर डालता है।

कांग्रेस का आरोप, महंगाई से रसोई का बजट बिगड़ रहा

प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस नेताओं ने सरकार पर निशाना साधा।उन्होंने कहा महंगाई लगातार बढ़ रही है।उनका कहना था कि गैस की कीमत बढ़ना बड़ी समस्या है।इसका असर सीधे घर की रसोई पर पड़ता है।नेताओं ने कहा गरीब और मध्यम वर्ग सबसे ज्यादा परेशान हैं।कई परिवार पहले ही खर्च संभालने में मुश्किल झेल रहे हैं।

मालवीय चौक पर नारेबाजी, सरकार से तुरंत राहत की मांग

मालवीय चौक पर प्रदर्शन के दौरान माहौल काफी गर्म दिखा।कार्यकर्ताओं ने लंबे समय तक नारे लगाए।उन्होंने मांग की कि गैस की बढ़ी कीमतें वापस ली जाएं।साथ ही महंगाई रोकने के लिए कदम उठाने की बात कही।नेताओं ने कहा सरकार को जनता की परेशानी समझनी चाहिए।रसोई का खर्च हर परिवार के लिए अहम मुद्दा है।

यूथ कांग्रेस ने निकाली अर्थी यात्रा

सिलेंडरों की कीमतों में हालिया बढ़ोतरी के खिलाफ यूथ कांग्रेस ने अनोखा विरोध प्रदर्शन किया। पश्चिम विधानसभा क्षेत्र में कार्यकर्ताओं ने ‘सस्ती गैस’ की प्रतीकात्मक मृत्यु दर्शाते हुए गैस सिलेंडर की शव यात्रा निकाली, जो आनंद कुंज से गढ़ा बाजार तक निकाली गई। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि घरेलू गैस सिलेंडर के दामों में 60 रुपये और कमर्शियल सिलेंडर में 115 रुपये की बढ़ोतरी से आम जनता पर आर्थिक बोझ बढ़ गया है। यूथ कांग्रेस के पश्चिम विधानसभा अध्यक्ष नितिन सिंह ने केंद्र और प्रदेश सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि गैस के बढ़ते दाम आम आदमी के साथ अन्याय हैं और यदि सरकार ने जल्द ही कीमतें वापस नहीं लीं तो युवा कांग्रेस उग्र आंदोलन करने के लिए मजबूर होगी।

भाजपा नेताओं की चुप्पी पर उठे सवाल

ब्लॉक उपाध्यक्ष द्विजेंद्र तिवारी ने भी प्रदर्शन में बात रखी।उन्होंने कहा पहले गैस कीमत बढ़ने पर बड़ा विरोध होता था।तब कई बड़े नेता सड़कों पर उतरते थे।आज वही लोग इस मुद्दे पर शांत दिखाई देते हैं।तिवारी ने कहा जनता सब देख रही है।महंगाई पर साफ जवाब देना जरूरी है।

कीमतें वापस नहीं हुईं तो आंदोलन होगा तेज

प्रदर्शन के अंत में कांग्रेस नेताओं ने चेतावनी दी।उन्होंने कहा यह विरोध अभी शुरुआत है।अगर गैस की कीमतें कम नहीं हुईं तो आंदोलन बढ़ेगा।युवा कांग्रेस प्रदेशभर में विरोध प्रदर्शन करेगी।नेताओं ने कहा यह लड़ाई आम जनता के हित की है।हर परिवार की रसोई पर बोझ कम होना जरूरी है।

गैस सिलेंडर की कीमत क्यों बनती है बड़ा मुद्दा

गैस सिलेंडर हर घर की जरूरत से जुड़ा है।इस कारण इसकी कीमत हमेशा चर्चा में रहती है।कीमत बढ़ने से घर का बजट तुरंत प्रभावित होता है।इसी वजह से इस मुद्दे पर राजनीति भी तेज होती है।जबलपुर का यह विरोध भी उसी बहस का हिस्सा है।आने वाले दिनों में यह मुद्दा और गर्म हो सकता है।

महिला दिवस पर जबलपुर में सनसनी, अज्ञात महिला का शव मिला

महिला दिवस के दिन जबलपुर के लार्डगंज इलाके में अज्ञात महिला का शव मिलने से सनसनी फैल गई। शरीर पर चोट के निशान मिले हैं। पुलिस और फॉरेंसिक टीम ने मौके पर जांच की। शुरुआती जांच में हत्या की आशंका जताई जा रही है। पहचान और कारण जानने के लिए पोस्टमार्टम रिपोर्ट का इंतजार है।

महिला दिवस पर जबलपुर में महिला का शव मिलने से सनसनी। लार्डगंज इलाके में शरीर पर चोट के निशान मिले। पुलिस हत्या के शक में जांच कर रही है।

5 प्वाइंट में समझें क्या है पूरा मामला

1.महिला दिवस के दिन जबलपुर में अज्ञात महिला का शव मिला।

2.घटना शहर के लार्डगंज थाना इलाके की है।

3.महिला के शरीर पर कई चोट के निशान पाए गए।

4.पुलिस और फॉरेंसिक टीम ने मौके पर जांच की।

5.शुरुआती जांच में हत्या की आशंका जताई गई।

महिला दिवस पर जबलपुर में सनसनी

महिला दिवस के दिन जबलपुर में एक चौंकाने वाली घटना सामने आई।लार्डगंज इलाके में एक अज्ञात महिला का शव मिला।शव मिलने की खबर फैलते ही इलाके में हलचल बढ़ गई।आसपास के लोग मौके पर जमा हो गए।स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी।कुछ ही देर में पुलिस टीम मौके पर पहुंच गई।

पुलिस और फॉरेंसिक टीम ने संभाली जांच

घटना की जानकारी मिलते ही पुलिस ने जांच शुरू की।एडिशनल एसपी आयुष गुप्ता भी मौके पर पहुंचे।लार्डगंज थाना प्रभारी अपनी टीम के साथ मौजूद रहे।पुलिस ने पूरे इलाके की घेराबंदी कर दी।फॉरेंसिक टीम को भी मौके पर बुलाया गया।टीम ने घटनास्थल की बारीकी से जांच की।पुलिस आसपास के लोगों से जानकारी जुटा रही है।हर छोटे सुराग पर नजर रखी जा रही है।

शरीर पर मिले गहरे घाव, हत्या का शक

जांच के दौरान महिला के शरीर पर चोट के निशान मिले।गर्दन और पेट पर गहरे घाव दिखाई दिए।फॉरेंसिक प्रभारी डॉ. नीता जैन ने मौके का निरीक्षण किया।उन्होंने घटनास्थल का पूरा निरीक्षण किया।मौके से कई नमूने भी इकट्ठा किए गए।इन नमूनों की लैब में जांच होगी।प्रारंभिक जांच में मामला संदिग्ध लग रहा है।अधिकारियों ने हत्या की आशंका जताई है।

पोस्टमार्टम रिपोर्ट से साफ होगी मौत की वजह

महिला के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है।पोस्टमार्टम रिपोर्ट से कई अहम बातें सामने आएंगी।रिपोर्ट आने के बाद मौत का कारण साफ होगा।अभी पुलिस हर एंगल से जांच कर रही है।महिला की पहचान करना भी पुलिस के लिए जरूरी है।पहचान होने से जांच को नई दिशा मिल सकती है।

शहर में बढ़ती घटनाओं से लोगों में चिंता

महिला दिवस के दिन हुई इस घटना ने लोगों को झकझोर दिया।लोगों में सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।कुछ लोग पुलिस व्यवस्था पर सवाल उठा रहे हैं।लोगों का कहना है कि अपराध बढ़ रहे हैं।पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि जांच तेज होगी।दोषियों को जल्द पकड़ने की कोशिश की जाएगी।फिलहाल पुलिस आसपास के सीसीटीवी देख रही है।संदिग्ध लोगों की तलाश भी शुरू हो गई है।

मदन महल पहाड़ी से अतिक्रमण हटाना शुरू, कोर्ट आदेश से कार्रवाई

जबलपुर की ऐतिहासिक मदन महल पहाड़ियों से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू हुई है। प्रशासन इसे सुप्रीम कोर्ट के आदेश का पालन बता रहा है। करीब आठ साल से मामला अदालत में था। अब कार्रवाई पर सवाल उठ रहे हैं कि क्या सभी अतिक्रमण हटेंगे या केवल छोटे घर ही निशाने पर हैं।

जबलपुर की मदन महल पहाड़ी से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू। सुप्रीम कोर्ट आदेश के बाद प्रशासन सक्रिय। स्थानीय लोग कार्रवाई के तरीके पर सवाल उठा रहे।

5 प्वाइंट में समझें क्या है पूरा मामला

1.जबलपुर की मदन महल पहाड़ी पर अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई शुरू हुई है।

2.प्रशासन इसे सुप्रीम कोर्ट के आदेश का पालन बता रहा है।

3.यह मामला करीब आठ साल से अदालतों में चल रहा था।

4.स्थानीय लोग कह रहे हैं कि छोटे घरों पर ज्यादा कार्रवाई हो रही।

5.विस्थापित लोगों को मिले प्लॉट में सुविधाओं की कमी भी बड़ा मुद्दा है।

जबलपुर की मदन महल पहाड़ी पर शुरू हुई अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई

जबलपुर की ऐतिहासिक मदन महल पहाड़ियों पर आखिरकार कार्रवाई शुरू हो गई है।प्रशासन ने यहां से अतिक्रमण हटाने का अभियान शुरू किया है।अधिकारियों का कहना है कि यह कदम सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद उठाया गया है।कई साल से यह मामला अदालतों में लंबित था।करीब आठ साल तक कानूनी लड़ाई चलती रही।हाई कोर्ट से लेकर सुप्रीम कोर्ट तक कई आदेश दिए गए।इसके बाद भी जमीन पर कार्रवाई शुरू नहीं हो सकी थी।अब अदालत की सख्ती के बाद प्रशासन सक्रिय हुआ है।

मदन महल पहाड़ी क्यों बनी अतिक्रमण का बड़ा केंद्र

मदन महल पहाड़ी लंबे समय से विवाद का केंद्र रही है।शहर के मास्टर प्लान में यह क्षेत्र हरित क्षेत्र घोषित है।यहां पर्यावरण पार्क और सार्वजनिक उपयोग की योजना बनाई गई थी।इसके बावजूद वर्षों में बड़ी संख्या में अतिक्रमण हो गए।कई लोगों ने यहां झोपड़ियां और छोटे मकान बना लिए।धीरे धीरे यहां पूरा बस्ती जैसा माहौल बन गया।बताया जाता है कि हाई कोर्ट ने 1996 में आदेश दिया था।फिर भी समय के साथ अतिक्रमण बढ़ते चले गए।

कोर्ट के आदेश के बाद प्रशासन क्यों हुआ सक्रिय

इस मामले में कई बार अदालत ने सख्त टिप्पणी की।इसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने भी निर्देश जारी किए।अदालत ने प्रशासन से कार्रवाई की रिपोर्ट मांगी थी।इसके बाद अतिक्रमण हटाने की प्रक्रिया तेज हुई।अब प्रशासन का कहना है कि वह कोर्ट के आदेश का पालन कर रहा।अभियान के तहत कई जगहों पर नोटिस भी दिए गए हैं।कई घरों को हटाने की तैयारी शुरू हो चुकी है।कुछ जगहों पर तोड़फोड़ की कार्रवाई भी हुई है।

स्थानीय लोगों ने कार्रवाई के तरीके पर उठाए सवाल

कार्रवाई शुरू होते ही विवाद भी सामने आने लगे हैं।स्थानीय लोग प्रशासन की कार्रवाई पर सवाल उठा रहे हैं।उनका कहना है कि कार्रवाई छोटे घरों तक सीमित दिख रही।कई बड़े निर्माण अभी भी वहीं खड़े हैं।लोगों का दावा है कि ग्रीन बेल्ट में बड़े ढांचे मौजूद हैं।कुछ निर्माण प्रशासन के समय में ही बने बताए जाते हैं।क्षेत्र में कुछ धार्मिक स्थल भी मौजूद हैं।फिलहाल उन पर कोई कार्रवाई नहीं दिख रही है।इस कारण लोगों में असंतोष भी बढ़ रहा है।

विस्थापित लोगों को मिले प्लॉट में सुविधाओं की कमी

मदन महल पहाड़ी में रहने वाले कई परिवार चिंतित हैं।उनका कहना है कि उन्हें दूसरे स्थान पर प्लॉट दिए गए हैं।बताया जा रहा है कि कुछ लोगों को लगभग 450 गज के प्लॉट मिले।लेकिन वहां अभी केवल खाली जमीन मौजूद है।लोगों का कहना है कि वहां पानी और नाली की व्यवस्था नहीं है।बिजली और सड़क की सुविधा भी नहीं है।स्थानीय लोगों ने एक और चिंता जताई।पहले जिन लोगों को प्लॉट मिले थे, वहां सुविधाएं आज तक अधूरी हैं।इसी कारण नए विस्थापित लोग भी असमंजस में हैं।

क्या सच में अतिक्रमण मुक्त होगी मदन महल पहाड़ी

मदन महल पहाड़ी को शहर की प्राकृतिक धरोहर माना जाता है।पर्यावरण के लिहाज से इसका संरक्षण जरूरी है।अतिक्रमण हटाने से पहाड़ी का प्राकृतिक रूप बच सकता है।साथ ही यहां हरित क्षेत्र विकसित किया जा सकता है।लेकिन बड़ा सवाल अब भी बना हुआ है।क्या प्रशासन हर तरह के अतिक्रमण पर समान कार्रवाई करेगा।या फिर यह अभियान केवल औपचारिक कार्रवाई बन जाएगा।आने वाले महीनों में स्थिति साफ हो सकती है।तभी पता चलेगा कि यह अभियान कितना प्रभावी है।

HPV वैक्सीन पर अफवाहें बेबुनियाद, जबलपुर में भी जारी है निःशुल्क टीकाकरण अभियान

जबलपुर जिले में 564 बालिकाओं को लग चुका टीका, अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर भी होंगे विशेष टीकाकरण सत्र

सोशल मीडिया पर अफवाहें, लेकिन वैज्ञानिक तथ्य अलग

स्कूलों में छात्राओं को लगाई जा रही एचपीवी (ह्यूमन पैपिलोमा वायरस) वैक्सीन को लेकर सोशल मीडिया पर कई तरह की अफवाहें फैल रही हैं। कुछ पोस्ट में इसे असुरक्षित बताया जा रहा है, जबकि कुछ में इसके परीक्षण को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं।हालांकि स्वास्थ्य विशेषज्ञों और सरकारी दस्तावेजों के अनुसार ये दावे तथ्यात्मक नहीं हैं। भारत में जिन HPV वैक्सीन का उपयोग किया जा रहा है, वे सभी आवश्यक क्लिनिकल ट्रायल और नियामकीय मंजूरी के बाद ही टीकाकरण कार्यक्रम में शामिल की गई हैं। इनका उद्देश्य लड़कियों को भविष्य में होने वाले सर्वाइकल कैंसर से बचाना है।

भारत में कौन-सी HPV वैक्सीन दी जा रही हैं

भारत में फिलहाल दो प्रमुख HPV वैक्सीन उपलब्ध हैं। पहली है Gardasil-4, जो एक क्वाड्रिवेलेंट वैक्सीन है और HPV के चार प्रकारों से सुरक्षा देती है। इसमें HPV टाइप 16 और 18 शामिल हैं, जो सर्वाइकल कैंसर से जुड़े प्रमुख प्रकार माने जाते हैं। इसके अलावा यह टाइप 6 और 11 से भी सुरक्षा देती है, जो जननांगों में होने वाले वार्ट्स के लिए जिम्मेदार होते हैं।दूसरी वैक्सीन CERVAVAC है, जिसे भारत में Serum Institute of India ने विकसित किया है। यह भी एक क्वाड्रिवेलेंट HPV वैक्सीन है और HPV टाइप 16 और 18 समेत कई प्रकारों के खिलाफ एंटीबॉडी प्रतिरक्षा विकसित करती है।

स्वदेशी वैक्सीन CERVAVAC के ट्रायल और मंजूरी

CERVAVAC को Serum Institute of India ने Department of Biotechnology और BIRAC के सहयोग से विकसित किया है। इसके लिए भारत में Phase-2 और Phase-3 क्लिनिकल ट्रायल पूरे किए गए। ट्रायल के दौरान वैक्सीन लगाने के बाद शरीर में HPV के खिलाफ एंटीबॉडी प्रतिक्रिया बेसलाइन की तुलना में लगभग 1000 गुना तक अधिक देखी गई। अलग-अलग आयु वर्ग और डोज़ शेड्यूल में भी इसकी प्रतिरक्षा प्रतिक्रिया मजबूत पाई गई। इन आंकड़ों की समीक्षा NTAGI ने की और इसके बाद DCGI ने वैक्सीन को निर्माण और विपणन की मंजूरी दे दी। इस तरह CERVAVAC भारत की पहली स्वदेशी HPV वैक्सीन बन गई।

वैक्सीन की सुरक्षा पर क्या कहते हैं अध्ययन

वैज्ञानिक अध्ययनों के अनुसार HPV वैक्सीन सर्वाइकल कैंसर से बचाव में काफी प्रभावी है। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार Gardasil-4 की एक डोज़ HPV टाइप 16 और 18 से जुड़े सर्वाइकल कैंसर के खिलाफ लगभग 93 से 100 प्रतिशत तक सुरक्षा प्रदान कर सकती है।विश्व स्वास्थ्य संगठन और भारतीय विशेषज्ञ समितियों की समीक्षा के बाद ही भारत में एक डोज़ रणनीति अपनाई गई है। इसके साथ ही वैक्सीन की दीर्घकालिक सुरक्षा और प्रभावकारिता को लेकर पोस्ट-मार्केटिंग अध्ययन भी जारी हैं।

जबलपुर में भी जारी है HPV टीकाकरण अभियान

सर्वाइकल कैंसर की रोकथाम के उद्देश्य से जबलपुर जिले में भी स्वास्थ्य विभाग द्वारा एचपीवी टीकाकरण अभियान लगातार संचालित किया जा रहा है।स्वास्थ्य विभाग से प्राप्त जानकारी के अनुसार शनिवार को जिले में 283 बालिकाओं को निःशुल्क एचपीवी टीका लगाया गया। 28 फरवरी से शुरू हुए इस विशेष अभियान के तहत अब तक कुल 564 बालिकाओं का टीकाकरण किया जा चुका है।

कई अस्पतालों और स्वास्थ्य केंद्रों में लग रहा टीका

एचपीवी टीकाकरण जिले के कई शासकीय स्वास्थ्य संस्थानों में किया जा रहा है। इसमें जिला चिकित्सालय, मेडिकल कॉलेज, रानी दुर्गावती चिकित्सालय एलगिन, सिविल हॉस्पिटल रांझी, सिहोरा और पाटन सहित सभी विकासखंडों के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र तथा शहरी और ग्रामीण प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र शामिल हैं।इन स्वास्थ्य संस्थानों में अवकाश के दिनों को छोड़कर प्रतिदिन टीकाकरण किया जा रहा है। यह विशेष अभियान अगले 80 दिनों तक संचालित किया जाएगा।

14 वर्ष की बालिकाओं को लगाया जा रहा टीका

अभियान के तहत 14 वर्ष पूर्ण कर चुकी और 15 वर्ष से कम आयु की बालिकाओं को निःशुल्क एचपीवी वैक्सीन दी जा रही है।जिला मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. संजय मिश्रा के अनुसार HPV वायरस महिलाओं में होने वाले सर्वाइकल कैंसर (गर्भाशय ग्रीवा कैंसर) का प्रमुख कारण है और इसकी रोकथाम के लिए यह टीका अत्यंत प्रभावी और सुरक्षित माना जाता है।

महिला दिवस पर भी होंगे विशेष टीकाकरण सत्र

सीएमएचओ डॉ. संजय मिश्रा ने बताया कि 8 मार्च 2026 को अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर रविवार होने के बावजूद जिले की चिन्हित शासकीय स्वास्थ्य संस्थाओं में विशेष एचपीवी टीकाकरण सत्र आयोजित किए जाएंगे।उन्होंने अभिभावकों से अपील की है कि वे इस अभियान में सक्रिय भागीदारी करें और अपनी बेटियों का टीकाकरण कराकर उन्हें भविष्य में होने वाले सर्वाइकल कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से सुरक्षित रखें।

जबलपुर में महिला कांग्रेस का हल्लाबोल, एपस्टीन फाइल पर मंत्री से इस्तीफा मांग

जबलपुर में महिला कांग्रेस ने केंद्र सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने जेफरी एपस्टीन से जुड़े कथित दस्तावेजों का हवाला दिया। इनमें एक केंद्रीय मंत्री का नाम आने का दावा किया गया। महिला कांग्रेस ने निष्पक्ष जांच और मंत्री के इस्तीफे की मांग की। पुलिस की मौजूदगी में प्रदर्शन हुआ।

जबलपुर में महिला कांग्रेस ने मांगा मंत्री का इस्तीफा

जबलपुर में शनिवार को महिला कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने बड़ा प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में महिलाएं शहर की सड़कों पर उतर आईं। उन्होंने केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारे लगाए। प्रदर्शन का नेतृत्व शहर महिला कांग्रेस की अध्यक्ष ने किया। कार्यकर्ताओं के हाथों में बैनर और तख्तियां थीं। इन पर महिलाओं की सुरक्षा से जुड़े नारे लिखे थे। महिला कांग्रेस नेताओं ने कहा कि यह मामला गंभीर है। उन्होंने कहा कि देश को सच जानने का अधिकार है। इस प्रदर्शन और ज्ञापन के जरिए उन्होंने केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी के इस्तीफे की मांग की।

एपस्टीन फाइल क्या है और विवाद क्यों बढ़ा

प्रदर्शन के दौरान नेताओं ने जेफरी एपस्टीन का मुद्दा उठाया। एपस्टीन एक अमेरिकी कारोबारी था। उस पर कई देशों में यौन शोषण के आरोप लगे थे। हाल के दिनों में उससे जुड़े कई दस्तावेज चर्चा में आए हैं। कुछ रिपोर्ट में बड़े लोगों के नाम आने का दावा हुआ। महिला कांग्रेस ने कहा कि भारत से भी एक नाम सामने आया। उनका दावा है कि वह एक केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी का नाम है। हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं है।

महिला कांग्रेस ने मंत्री के इस्तीफे की मांग की

प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने मंत्री हरदीप सिंह पुरी के इस्तीफे की मांग की। नेताओं ने कहा कि निष्पक्ष जांच जरूरी है। उन्होंने कहा कि जांच से ही सच सामने आएगा। महिला कांग्रेस पदाधिकारियों ने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा सर्वोपरि है। इस मुद्दे पर किसी तरह का समझौता नहीं होना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार मामले को दबाने की कोशिश कर रही है। नेताओं ने कहा कि सच सामने आना जरूरी है।

सरकार के खिलाफ नारेबाजी और आंदोलन की चेतावनी

प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने जोरदार नारे लगाए। उन्होंने केंद्र सरकार के खिलाफ अपना गुस्सा जताया। महिला कांग्रेस नेताओं ने कहा कि आंदोलन जारी रहेगा।जब तक जांच नहीं होगी, विरोध चलता रहेगा। नेताओं ने चेतावनी भी दी। उन्होंने कहा कि जरूरत पड़ी तो आंदोलन तेज होगा।

पुलिस की मौजूदगी में हुआ प्रदर्शन

प्रदर्शन के दौरान पुलिस बल मौके पर मौजूद रहा। पुलिस ने स्थिति को शांत बनाए रखा। कुछ समय के लिए सड़क पर यातायात प्रभावित हुआ। हालांकि बाद में स्थिति सामान्य हो गई। महिला कांग्रेस ने कहा कि उनका संघर्ष जारी रहेगा। जब तक कार्रवाई नहीं होगी, आंदोलन खत्म नहीं होगा।

FAQ

  1. जेफरी एपस्टीन कौन था और विवाद क्यों है?
    जेफरी एपस्टीन एक अमेरिकी फाइनेंसर था।
    उस पर नाबालिग लड़कियों के यौन शोषण के आरोप लगे थे।
    अमेरिका में इस मामले की बड़ी जांच हुई।
    कई प्रभावशाली लोगों के नाम चर्चा में आए।
    इसी कारण दुनिया भर में यह मामला बड़ा विवाद बना।
  2. जबलपुर में महिला कांग्रेस ने प्रदर्शन क्यों किया?
    महिला कांग्रेस ने कथित एपस्टीन दस्तावेजों का मुद्दा उठाया।
    उनका दावा है कि एक केंद्रीय मंत्री का नाम सामने आया।
    इस आधार पर उन्होंने निष्पक्ष जांच की मांग की।
    साथ ही मंत्री के इस्तीफे की मांग भी की।
  3. क्या सरकार या किसी एजेंसी ने इस दावे की पुष्टि की?
    अब तक किसी सरकारी एजेंसी ने आधिकारिक पुष्टि नहीं की।
    किसी केंद्रीय मंत्री का नाम आधिकारिक रूप से घोषित नहीं हुआ।
    महिला कांग्रेस ने केवल जांच की मांग उठाई है।
    इसलिए फिलहाल मामला राजनीतिक और जांच की मांग तक सीमित है।

टाइगर ‘त्रिशूल’ बना खूंखार शिकारी, T-40 के शावक को मारकर खाया; संजय-दुबरी के मंडोला क्षेत्र में मचा हड़कंप

पर्यटक के कैमरे में कैद हुआ दिल दहला देने वाला दृश्य, सुरक्षा कारणों से दो दिन के लिए सफारी बंद

मध्य प्रदेश के संजय-दुबरी टाइगर रिजर्व से एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है। यहां मेल टाइगर ‘त्रिशूल’ ने बाघिन T-40 के एक शावक का शिकार कर लिया। घटना के बाद वन विभाग ने एहतियातन मंडोला क्षेत्र को दो दिनों के लिए पर्यटकों के लिए बंद कर दिया है।

झाड़ियों में बैठकर शिकार खाते दिखा टाइगर

मंडोला क्षेत्र में सफारी के दौरान पर्यटकों को एक हैरान कर देने वाला दृश्य देखने को मिला। घनी झाड़ियों के बीच एक मेल टाइगर अपने शिकार को खाते हुए नजर आया। शुरुआत में पर्यटकों को लगा कि यह कोई सामान्य शिकार है, लेकिन बाद में पता चला कि टाइगर जिस शिकार को खा रहा था वह बाघिन T-40 का शावक था। यह दृश्य देखकर वहां मौजूद पर्यटक भी सन्न रह गए।

पर्यटक के कैमरे में कैद हुई दुर्लभ घटना

जबलपुर की अधिवक्ता नेत्त्रा नाथन उस समय मंडोला रेंज में सफारी कर रही थीं। उन्होंने बताया कि झाड़ियों के पास एक बाघ को शिकार खाते हुए देखकर उन्होंने तुरंत कैमरे से तस्वीरें ले लीं। बाद में वन विभाग से पुष्टि हुई कि टाइगर वास्तव में T-40 बाघिन के एक शावक को खा रहा था। वन्यजीव विशेषज्ञ इसे जंगल में होने वाली प्राकृतिक प्रतिस्पर्धा का दुर्लभ लेकिन क्रूर उदाहरण मान रहे हैं।

टाइगर ‘त्रिशूल’ ने किया T-40 के शावक का शिकार

टाइगर रिजर्व के प्रभारी डायरेक्टर राजेश राय के मुताबिक गुरुवार सुबह मेल टाइगर ‘त्रिशूल’ ने बाघिन T-40 के एक शावक को मार दिया। जानकारी के अनुसार T-40 ने हाल ही में तीन शावकों को जन्म दिया था। इनमें से एक शावक त्रिशूल का शिकार बन गया। जंगल में कई बार नर बाघ अपने क्षेत्र और प्रभुत्व को बनाए रखने के लिए शावकों को मार देते हैं, जिसे वन्यजीव व्यवहार का हिस्सा माना जाता है।

सुरक्षा के चलते मंडोला क्षेत्र में प्रवेश बंद

घटना के बाद वन विभाग ने तुरंत एहतियाती कदम उठाए हैं। संजय-दुबरी टाइगर रिजर्व के मंडोला क्षेत्र में पर्यटकों की आवाजाही और सफारी को अस्थायी रूप से रोक दिया गया है। अधिकारियों के अनुसार अगले दो दिनों तक इस क्षेत्र में किसी भी पर्यटक को प्रवेश नहीं दिया जाएगा। इस दौरान टाइगर ‘त्रिशूल’, बाघिन T-40 और उसके बाकी शावकों की गतिविधियों पर नजर रखी जाएगी ताकि किसी तरह की अनहोनी से बचा जा सके।