थाना सिविल लाइन क्षेत्र के कांचघर इलाके में हुई युवक की हत्या के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। जबलपुर में हुई सनसनीखेज हत्या का पुलिस ने किया खुलासा, इलाज के दौरान युवक की मौत के बाद हत्या में बदला मामला, सिविल लाइन पुलिस की त्वरित कार्रवाई से आरोपियों की गिरफ्तारी।

@फैज़ वारसी जबलपुर। थाना सिविल लाइन क्षेत्र के कांचघर इलाके में हुई युवक की हत्या के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। 29 दिसंबर 2025 की शाम करीब 7 बजे संगम टेंट हाउस के सामने मोनू झरिया पर चार युवकों ने चाकू से जानलेवा हमला किया था। गंभीर रूप से घायल मोनू झरिया को उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। इस घटना के बाद मामला हत्या में तब्दील हो गया, जिससे इलाके में सनसनी फैल गई थी।

इलाज के दौरान मोनू झरिया की मौत, हत्या में बदला मामला
घटना की गंभीरता को देखते हुए सिविल लाइन पुलिस ने विशेष टीमों का गठन किया। सीसीटीवी फुटेज, मुखबिरों से मिली सूचना और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने चार आरोपियों को चिन्हित कर गिरफ्तार किया। पकड़े गए आरोपियों में (1) तुषार उर्फ रंगा उर्फ वीरा पिता ब्रजभान चौधरी (18 वर्ष), आर्यन पिता विनोद कुछबंधिया (18 वर्ष), (3) नवीन पिता सलाम गौरी (20 वर्ष) और (4) साहिल पिता मोहन चौधरी (20 वर्ष) शामिल हैं। सभी आरोपी घमापुर थाना क्षेत्र के शीतलामाई और कुचबंधिया मोहल्ला निवासी बताए हैं।
3 आरोपी अभी भी फरार, हथियार और वाहन हुए जब्त
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से हत्या में प्रयुक्त चाकू और दो मोबाइल फोन भी जब्त किए हैं। इस हत्याकांड में तीन अन्य आरोपी अभी फरार बताए जा रहे हैं, जिनकी तलाश के लिए लगातार दबिश दी जा रही है। पूरे मामले के खुलासे में सिविल लाइन थाना, ओमती थाना और अपराध शाखा की संयुक्त टीम की अहम भूमिका रही।

आरोपियों का निकला जुलूस
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों को न्यायालय में पेश कर आगे की वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है। कोर्ट ले जाने के दौरान इन आरोपियों को सड़क से पैदल लेकर जाया गया। इस दौरान आरोपी यह कहते हुए चल रहे थे कि अपराध करना पाप है और पुलिस हमारी बाप है।



